सोमवार, नवंबर 15, 2010

पुस्तक की महिमा


पुस्तक की महिमा न्यारी 
पुस्तक है जहां से प्यारी 
ये सबको अच्छी लगती
ये सबको शिक्षा देती 
हिंदी में संस्कारों का 
अच्छी-अच्छी कहानी का 
गणित में हिसाब का 
सामाजिक में समाज का 
देश के इतिहास का 
संस्कृति का सभ्यता का 
गीता का कुरान का 
पुजा का अजान का 
ज्ञान हमको देती है 
जितना इसको पढोगे 
उतना ज्ञान का अमृत देती है 
यह ज्ञान का भंडार है 
यह लेखों की भरमार है 
इसकी महिमा न्यारी है 
यह पुस्तक जहां से प्यारी है 
यह पुस्तक जहां से प्यारी है |

2 टिप्‍पणियां:

  1. यह ज्ञान का भंडार है
    वाकई पुस्तक तो ज्ञान का भंडार है
    सुन्दर रचना

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  2. जितना इसको पढोगे
    उतना ज्ञान का अमृत देती है
    सीधी साधी भाषा में , बधाई

    जवाब देंहटाएं

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धन्यवाद
नेहा मैथ्यूज़